Pandit Motilal Shastri

Shatpatha Brahmana

 

 

शतपथब्राह्मण प्रथमखण्ड

Shatpatha Brahmana Part I

 

साधारणतया  लौकिक दृष्टि से ‘यजुर्वेद’ और तत्त्वदृष्टि से ‘यज्जूर्वेद’ है । इस में दो पद हैं-यत् और जूः। जिसका क्रमशः अर्थ  प्राण, वायु,गति और वाक्, आकाश स्थिति है ।